बीकानेर में बनेगा साइबर वॉरियर ट्रेनिंग सेंटर, डिजिटल सुरक्षा को मिलेगा बल
बीकानेर, 20 फरवरी। साइबर अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण और आमजन को सुरक्षित डिजिटल वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बीकानेर पुलिस द्वारा अभय कमांड सेंटर में ‘साइबर वॉरियर ट्रेनिंग सेंटर’ की स्थापना की जा रही है। यह पहल साइबर क्राइम राजस्थान द्वारा संचालित साइबर सुरक्षा जागरूकता अभियान के तहत की जा रही है।
महानिरीक्षक पुलिस हेमंत शर्मा आईपीएस तथा जिला पुलिस अधीक्षक कावेंद्र सिंह सागर आईपीएस के निर्देशन में संचालित इस अभियान के अंतर्गत अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) चक्रवर्ती सिंह राठौड़ आरपीएस के सुपरविजन और साइबर थाना प्रभारी निरीक्षक रमेश सर्वटा के नेतृत्व में लगातार जनजागरूकता कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। इस अवसर पर जिला पुलिस अधीक्षक कावेंद्र सिंह सागर आईपीएस, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) किरण गोदारा तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) बनवारीलाल मीणा द्वारा साइबर वॉरियर ट्रेनिंग सेंटर के पोस्टर का विमोचन किया गया। अधिकारियों ने बताया कि इस केंद्र का मुख्य उद्देश्य बीकानेर को सुरक्षित डिजिटल इकोसिस्टम के रूप में विकसित करना और समाज के विभिन्न वर्गों से चयनित जागरूक नागरिकों को ‘साइबर वॉरियर’ के रूप में प्रशिक्षित करना है।
प्रशिक्षण के माध्यम से साइबर ठगी के तरीकों, सोशल मीडिया प्राइवेसी सेटिंग्स, टू-स्टेप वेरिफिकेशन, ऑनलाइन सुरक्षा उपायों और हेल्पलाइन 1930 के उपयोग की जानकारी दी जाएगी। साथ ही शिक्षकों, एनजीओ कार्यकर्ताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और आशा सहयोगिनियों को भी विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा ताकि जागरूकता ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंच सके। पुलिस के अनुसार, इस पहल से वित्तीय सुरक्षा मजबूत होगी, ऑनलाइन सेवाओं के उपयोग में भरोसा बढ़ेगा, प्रत्येक मोहल्ले और गांव में प्रशिक्षित साइबर विशेषज्ञ उपलब्ध होंगे तथा साइबर मामलों की सटीक रिपोर्टिंग में मदद मिलेगी। प्रशिक्षण कार्यक्रम को पीपीटी, वीडियो, एनीमेशन और प्रश्नोत्तरी के माध्यम से व्यावहारिक बनाया जाएगा तथा बेहतर कार्य करने वाले साइबर वॉरियर्स को सम्मानित भी किया जाएगा। बीकानेर पुलिस का मानना है कि इस प्रयास से न केवल साइबर अपराधों में कमी आएगी, बल्कि पुलिस और जनता के बीच विश्वास का संबंध भी और मजबूत होगा।